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12वां ब्रिक्स संसदीय मंच, 4 उच्च न्यायालयों में नए मुख्य न्यायाधीश और इमर्जिंग साइंस कॉन्क्लेव

नई दिल्ली के संविधान सदन में 12वां ब्रिक्स संसदीय मंच आयोजित हुआ, सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम ने 4 उच्च न्यायालयों के लिए मुख्य न्यायाधीशों की सिफारिश की और राष्ट्रीय विज्ञान सम्मेलन का उद्घाटन हुआ।

⭐ मुख्य बिंदु

  • नई दिल्ली के संविधान सदन में 12वें ब्रिक्स संसदीय मंच का आयोजन हुआ जिसका उद्घाटन लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने किया।
  • ब्रिक्स संसदीय मंच 2026 का मुख्य विषय 'Fostering Parliaments for People-Centric Development' था।
  • सम्मेलन में चार स्तंभों—सहनशीलता, नवाचार, सहयोग और सततता पर केंद्रित 'नई दिल्ली घोषणापत्र' स्वीकार किया गया।
  • सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम ने गुजरात, दिल्ली, तेलंगाना और उत्तराखंड उच्च न्यायालयों के लिए मुख्य न्यायाधीशों की सिफारिश की।
  • जस्टिस पी. सैम कोशी को दिल्ली हाईकोर्ट और जस्टिस मानस रंजन पाठक को गुजरात हाईकोर्ट का मुख्य न्यायाधीश प्रस्तावित किया गया।
  • जस्टिस तापब्रत चक्रवर्ती को तेलंगाना हाईकोर्ट और जस्टिस सुधीर सिंह को उत्तराखंड हाईकोर्ट का मुख्य न्यायाधीश बनाने की सिफारिश की गई।
  • प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नई दिल्ली के भारत मंडपम में इमर्जिंग साइंस, टेक्नोलॉजी एंड इनोवेशन कॉन्क्लेव 2026 का उद्घाटन किया।

भारत की राष्ट्रीय राजनीति, न्यायपालिका और वैज्ञानिक नवाचार के क्षेत्र में महत्वपूर्ण घटनाक्रम सामने आए हैं। नई दिल्ली के ऐतिहासिक संविधान सदन में 12वें ब्रिक्स संसदीय मंच का आयोजन हुआ, जिसमें जन-केंद्रित नीतियों पर संयुक्त घोषणापत्र स्वीकार किया गया। वहीं, सर्वोच्च न्यायालय के कॉलेजियम ने चार प्रमुख उच्च न्यायालयों के मुख्य न्यायाधीश पद के लिए नामों की सिफारिश केंद्र सरकार को भेजी है। इसके अलावा, देश के तकनीकी एवं वैज्ञानिक सामर्थ्य को गति देने के लिए नई दिल्ली में 'इमर्जिंग साइंस, टेक्नोलॉजी एंड इनोवेशन कॉन्क्लेव 2026' का भव्य शुभारंभ किया गया। प्रतियोगी परीक्षाओं के दृष्टिकोण से इन सभी विषयों के प्रमुख बिंदुओं का विस्तृत विश्लेषण नीचे दिया गया है।

1. संविधान सदन में 12वां ब्रिक्स संसदीय मंच: संसदीय कूटनीति को नई दिशा

क्या हुआ?

नई दिल्ली स्थित संसद भवन परिसर के ऐतिहासिक 'संविधान सदन' (सेंट्रल हॉल) में 26-27 अक्टूबर 2026 को 12वें ब्रिक्स संसदीय मंच (12th BRICS Parliamentary Forum) का आयोजन किया गया। इस सम्मेलन का उद्घाटन लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने किया। सम्मेलन के समापन पर सभी सदस्य देशों और साझेदार देशों द्वारा सर्वसम्मति से 'नई दिल्ली संयुक्त घोषणापत्र' (New Delhi Joint Declaration) स्वीकार किया गया।

मुख्य विषय और चार प्रमुख स्तंभ

इस वर्ष मंच का मुख्य विषय ‘Fostering Parliaments for People-Centric Development’ (जन-केंद्रित विकास के लिए संसदों को बढ़ावा देना) रखा गया। सम्मेलन के विचार-विमर्श चार प्रमुख स्तंभों पर केंद्रित थे:

  • रेजिलिएंस (Resilience - सुदृढ़ता): अनिश्चितता के दौर में विधायी संस्थाओं और संसदीय तंत्र की जवाबदेही बनाए रखना।
  • इनोवेशन (Innovation - नवाचार): विधायी प्रक्रियाओं में डिजिटल तकनीकों, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) और पारदर्शिता का उपयोग।
  • कोऑपरेशन (Cooperation - सहयोग): साझा वैश्विक चुनौतियों से निपटने के लिए सर्वोत्तम विधायी प्रथाओं का आदान-प्रदान।
  • सस्टेनेबिलिटी (Sustainability - सततता): पर्यावरण संरक्षण को आर्थिक और सामाजिक नीतियों के साथ एकीकृत करना।

परीक्षा की दृष्टि से महत्वपूर्ण बिंदु

ब्रिक्स संसदीय मंच संसदीय कूटनीति (Parliamentary Diplomacy) का सशक्त माध्यम है। वर्ष 2026 में भारत की ब्रिक्स अध्यक्षता का विषय 'Building for Resilience, Innovation, Cooperation and Sustainability' है। 10 पूर्ण सदस्य देशों (ब्राजील, रूस, भारत, चीन, दक्षिण अफ्रीका, मिस्र, इथियोपिया, ईरान, सऊदी अरब, यूएई) के विस्तारित स्वरूप के बाद यह संसदीय संवाद ग्लोबल साउथ (Global South) की चिंताओं को उठाने में अत्यंत महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है।

2. सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम की सिफारिश: 4 उच्च न्यायालयों को मिलेंगे नए मुख्य न्यायाधीश

क्या हुआ?

भारत के मुख्य न्यायाधीश (CJI) सूर्यकांत की अध्यक्षता वाले तीन सदस्यीय सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम ने देश के चार उच्च न्यायालयों—गुजरात, दिल्ली, तेलंगाना और उत्तराखंड—में नए मुख्य न्यायाधीशों की नियुक्ति की सिफारिश केंद्र सरकार को भेजी है। कॉलेजियम में CJI के अतिरिक्त जस्टिस विक्रम नाथ और जस्टिस बी.वी. नागरत्ना शामिल थे।

उच्च न्यायालयअनुशंसित मुख्य न्यायाधीशमूल उच्च न्यायालय (Parent HC)
दिल्ली उच्च न्यायालयजस्टिस पी. सैम कोशीछत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय
गुजरात उच्च न्यायालयजस्टिस मानस रंजन पाठकगुवाहाटी उच्च न्यायालय
तेलंगाना उच्च न्यायालयजस्टिस तापब्रत चक्रवर्तीकलकत्ता उच्च न्यायालय
उत्तराखंड उच्च न्यायालयजस्टिस सुधीर सिंहपटना उच्च न्यायालय

कॉलेजियम प्रणाली और संवैधानिक पृष्ठभूमि

भारतीय संविधान के अनुच्छेद 217 के तहत उच्च न्यायालय के न्यायाधीशों और मुख्य न्यायाधीश की नियुक्ति राष्ट्रपति द्वारा भारत के मुख्य न्यायाधीश, संबंधित राज्य के राज्यपाल और उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश के परामर्श से की जाती है। उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीशों की पदोन्नति/स्थानांतरण के मामले में सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम (CJI + 2 वरिष्ठतम न्यायाधीश) नामों की सिफारिश करता है। यह व्यवस्था 'थर्ड जजेस केस' (1998) के बाद सुदृढ़ हुई थी।

परीक्षा की दृष्टि से महत्वपूर्ण बिंदु

  • न्यायिक स्थानांतरण: संविधान का अनुच्छेद 222 राष्ट्रपति को मुख्य न्यायाधीश के परामर्श से किसी न्यायाधीश को एक उच्च न्यायालय से दूसरे उच्च न्यायालय में स्थानांतरित करने का अधिकार देता है।
  • स्वायत्तता: कॉलेजियम प्रणाली न्यायिक स्वतंत्रता बनाए रखने के लिए वरिष्ठता, क्षेत्रीय प्रतिनिधित्व, ईमानदारी और योग्यता के संतुलन के आधार पर नियुक्तियों का चयन करती है।

3. 'इमर्जिंग साइंस, टेक्नोलॉजी एंड इनोवेशन कॉन्क्लेव 2026' का उद्घाटन

क्या हुआ?

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 27 अक्टूबर 2026 को नई दिल्ली स्थित 'भारत मंडपम' में 'इमर्जिंग साइंस, टेक्नोलॉजी एंड इनोवेशन कॉन्क्लेव 2026' का उद्घाटन किया। इस राष्ट्रीय सम्मेलन का उद्देश्य देश में वैज्ञानिक अनुसंधान, डीप-टेक स्टार्टअप्स और महत्वपूर्ण प्रौद्योगिकियों (Critical Technologies) में आत्मनिर्भरता को गति देना है।

प्रमुख घोषणाएँ और विमर्श

  • क्रांतिकारी तकनीकों में आत्मनिर्भरता: सेमीकंडक्टर, क्वांटम कंप्यूटिंग, बायो-मैन्युफैक्चरिंग और कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) जैसे भविष्य के क्षेत्रों में भारत को केवल उपभोक्ता नहीं बल्कि नवप्रवर्तक (Innovator) और निर्माता बनना होगा।
  • जिम्मेदार एआई: प्रधानमंत्री ने एआई के नैतिक, सुरक्षित एवं सत्यापित उपयोग पर बल देते हुए कहा कि सूचनाओं के सत्यापन और डेटा संप्रभुता पर विशेष ध्यान दिया जाना चाहिए।
  • अनुसंधान नेशनल रिसर्च फाउंडेशन (ANRF): सम्मेलन में ANRF के माध्यम से शिक्षा जगत, उद्योग और राष्ट्रीय प्रयोगशालाओं के बीच तालमेल बढ़ाने पर चर्चा हुई।

परीक्षा की दृष्टि से महत्वपूर्ण बिंदु

भारत ने विज्ञान और प्रौद्योगिकी में अपनी रैंकिंग में लगातार सुधार किया है। ग्लोबल इनोवेशन इंडेक्स (GII) में भारत की प्रगति और 'अनुसंधान नेशनल रिसर्च फाउंडेशन (ANRF) अधिनियम 2023' के तहत ₹50,000 करोड़ का अनुसंधान कोष देश के R&D इकोसिस्टम को बदल रहा है। यह पहल 'विकसित भारत @2047' के वैज्ञानिक आधार को सुदृढ़ करती है।

परीक्षा के लिए महत्वपूर्ण तथ्य

12वां ब्रिक्स संसदीय मंच स्थलसंविधान सदन (संसद परिसर), नई दिल्ली
ब्रिक्स संसदीय मंच 2026 की थीमFostering Parliaments for People-Centric Development
उच्च न्यायालय न्यायाधीश नियुक्ति अनुच्छेदअनुच्छेद 217
न्यायाधीशों का स्थानांतरण अनुच्छेदअनुच्छेद 222
इमर्जिंग साइंस कॉन्क्लेव 2026 स्थलभारत मंडपम, नई दिल्ली

अभ्यास प्रश्न (MCQ)

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Q1 अक्टूबर 2026 में 12वें ब्रिक्स संसदीय मंच (BRICS Parliamentary Forum) का आयोजन किस स्थान पर किया गया?

Q2 12वें ब्रिक्स संसदीय मंच 2026 का मुख्य विषय (Theme) क्या था?

Q3 भारतीय संविधान के किस अनुच्छेद के तहत उच्च न्यायालय के न्यायाधीशों और मुख्य न्यायाधीश की नियुक्ति का प्रावधान है?

Q4 सुप्रीम कोर्ट कॉलेजियम द्वारा दिल्ली उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश के रूप में किस न्यायाधीश के नाम की सिफारिश की गई है?

Q5 प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा अक्टूबर 2026 में 'इमर्जिंग साइंस, टेक्नोलॉजी एंड इनोवेशन कॉन्क्लेव' का उद्घाटन कहाँ किया गया?

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