भारत में यूनेस्को विश्व धरोहर स्थल: संपूर्ण सूची, वर्गीकरण और परीक्षा उपयोगी विश्लेषण
भारत के कुल 44 यूनेस्को विश्व धरोहर स्थलों का संपूर्ण विवरण। सांस्कृतिक, प्राकृतिक और मिश्रित श्रेणियों का वर्गीकरण, नवीनतम स्थल और याद रखने की ट्रिक्स।
⭐ मुख्य बिंदु
- भारत में अक्टूबर 2026 तक कुल 44 यूनेस्को विश्व धरोहर स्थल हैं (36 सांस्कृतिक, 7 प्राकृतिक और 1 मिश्रित)।
- सिक्किम स्थित कंचनजंघा राष्ट्रीय उद्यान (2016) भारत का एकमात्र मिश्रित (Mixed) विश्व धरोहर स्थल है।
- वर्ष 1983 में अजंता गुफाएँ, एलोरा गुफाएँ, आगरा का किला और ताजमहल भारत के पहले यूनेस्को स्थल बने थे।
- असम के चराइदेव के ‘मोइदाम’ (ताई-अहोम टीला-समाधि प्रणाली) को 2024 में 43वें धरोहर स्थल के रूप में शामिल किया गया।
- 12 ऐतिहासिक किलों से युक्त ‘भारत का मराठा सैन्य परिदृश्य’ वर्ष 2025 में भारत का 44वां विश्व धरोहर स्थल बना।
- भारत के केवल दो शहर पूर्णतः विश्व धरोहर शहर के रूप में शामिल हैं: अहमदाबाद (2017) और जयपुर (2019)।
- राज्यों में सर्वाधिक यूनेस्को विश्व धरोहर स्थल महाराष्ट्र राज्य में स्थित हैं।
यूनेस्को विश्व धरोहर स्थल क्या हैं?
यूनेस्को (संयुक्त राष्ट्र शैक्षिक, वैज्ञानिक और सांस्कृतिक संगठन) द्वारा विश्व के ऐसे अद्वितीय प्राकृतिक एवं सांस्कृतिक स्थलों को ‘विश्व धरोहर स्थल’ (World Heritage Site) घोषित किया जाता है, जिनका मानवता के लिए असाधारण सार्वभौमिक मूल्य (Outstanding Universal Value - OUV) होता है। इस पहल की आधिकारिक शुरुआत 16 नवंबर 1972 को पेरिस में आयोजित यूनेस्को के सामान्य सम्मेलन में ‘विश्व सांस्कृतिक और प्राकृतिक धरोहर संरक्षण कन्वेंशन’ (World Heritage Convention, 1972) को अपनाए जाने के साथ हुई थी। यह कन्वेंशन वर्ष 1975 में प्रभावी हुआ और भारत ने 14 नवंबर 1977 को इस पर हस्ताक्षर कर इसे स्वीकार किया।
किसी स्थल को सूची में शामिल करने के लिए कुल 10 चयन मानदंड (Criteria) निर्धारित हैं, जिनमें मानदंड (i) से (vi) सांस्कृतिक धरोहरों के लिए और मानदंड (vii) से (x) प्राकृतिक धरोहरों के लिए तय किए गए हैं। जब किसी स्थल में सांस्कृतिक और प्राकृतिक दोनों ही विशेषताओं का अद्भुत संगम पाया जाता है, तो उसे मिश्रित (Mixed) धरोहर का दर्जा दिया जाता है।
भारत में विश्व धरोहर स्थलों की अद्यतन स्थिति
अक्टूबर 2026 तक की स्थिति के अनुसार, भारत में कुल 44 यूनेस्को विश्व धरोहर स्थल हैं। वैश्विक स्तर पर सर्वाधिक धरोहर स्थलों के मामले में भारत विश्व में छठे स्थान पर आता है (इटली, चीन, जर्मनी, फ्रांस और स्पेन के बाद)। भारत के 44 स्थलों का श्रेणीवार विभाजन इस प्रकार है:
- सांस्कृतिक स्थल (Cultural Sites): 36
- प्राकृतिक स्थल (Natural Sites): 7
- मिश्रित स्थल (Mixed Site): 1 (कंचनजंघा राष्ट्रीय उद्यान, सिक्किम)
विशेष स्मरणीय तथ्य: भारत के प्रथम विश्व धरोहर स्थल वर्ष 1983 में घोषित किए गए थे, जिनमें चार स्थल शामिल थे—अजंता की गुफाएँ (महाराष्ट्र), एलोरा की गुफाएँ (महाराष्ट्र), आगरा का किला (उत्तर प्रदेश) तथा ताजमहल (उत्तर प्रदेश)।
नवीनतम समावेशन: 43वां और 44वां धरोहर स्थल
प्रतियोगी परीक्षाओं में हाल के वर्षों में शामिल किए गए स्थलों से गहराई से प्रश्न पूछे जाते हैं। आइए इन दोनों महत्वपूर्ण नवीनतम स्थलों की पृष्ठभूमि समझें:
1. 43वां स्थल: चराइदेव के मोइदाम (असम, 2024)
जुलाई 2024 में नई दिल्ली में आयोजित विश्व धरोहर समिति के 46वें सत्र में असम के ताई-अहोम राजवंश की टीला-समाधि प्रणाली ‘मोइदाम’ (Moidams) को भारत के 43वें धरोहर स्थल के रूप में सांस्कृतिक श्रेणी में शामिल किया गया।
- ऐतिहासिक पृष्ठभूमि: मोइदाम ताई-अहोम साम्राज्य (1228-1826 ई.) के राजाओं और रानियों की शाही समाधियाँ हैं। चराइदेव अहोम राजवंश की पहली राजधानी थी, जिसकी स्थापना चाओलुंग सिउ-का-फा ने पाटकाई पहाड़ियों की तलहटी में की थी।
- विशेषता: यह ईंट, पत्थर और मिट्टी से निर्मित गुंबदनुमा खोखली संरचनाएँ हैं, जिन्हें ‘पिरामिड ऑफ असम’ भी कहा जाता है। पूर्वोत्तर भारत से यह सांस्कृतिक श्रेणी में शामिल होने वाला पहला स्थल है (काजीरंगा और मानस प्राकृतिक श्रेणी में हैं)।
2. 44वां स्थल: भारत का मराठा सैन्य परिदृश्य (2025)
विश्व धरोहर समिति के 47वें सत्र में वर्ष 2025 में ‘मराठा मिलिट्री लैंडस्केप्स ऑफ इंडिया’ को सांस्कृतिक श्रेणी में भारत का 44वां स्थल घोषित किया गया।
- भौगोलिक विस्तार: इसमें कुल 12 रणनीतिक किले शामिल हैं, जिनमें से 11 महाराष्ट्र में और 1 तमिलनाडु में स्थित हैं।
- किलेवार वर्गीकरण:
- पहाड़ी किले (Hill Forts): साल्हेर, शिवनेरी, लोहगढ़, रायगढ़, राजगढ़ (महाराष्ट्र) और जिंजी किला (तमिलनाडु)।
- पहाड़ी-जंगल किला (Hill-Forest Fort): प्रतापगढ़।
- पठारी किला (Hill-Plateau Fort): पन्हाला।
- तटीय किला (Coastal Fort): विजयदुर्ग।
- द्वीपीय/जल दुर्ग (Island Forts): खांडेरी, सुवर्णदुर्ग और सिंधुदुर्ग।
- सामरिक महत्व: यह स्थल छत्रपति शिवाजी महाराज द्वारा 17वीं शताब्दी में विकसित अद्वितीय ‘गुरिल्ला युद्ध नीति’ (गनीमी कावा) और सह्याद्रि की भौगोलिक बनावट के अनुरूप दुर्ग स्थापत्य का उत्कृष्ट प्रमाण है।
भारत के सभी 44 यूनेस्को विश्व धरोहर स्थलों की संपूर्ण सूची
| क्र.सं. | धरोहर स्थल का नाम | राज्य / संघ राज्य क्षेत्र | घोषणा वर्ष | श्रेणी |
|---|---|---|---|---|
| 1 | अजंता की गुफाएँ | महाराष्ट्र | 1983 | सांस्कृतिक |
| 2 | एलोरा की गुफाएँ | महाराष्ट्र | 1983 | सांस्कृतिक |
| 3 | आगरा का किला | उत्तर प्रदेश | 1983 | सांस्कृतिक |
| 4 | ताजमहल | उत्तर प्रदेश | 1983 | सांस्कृतिक |
| 5 | महाबलीपुरम के स्मारक समूह | तमिलनाडु | 1984 | सांस्कृतिक |
| 6 | कोणार्क का सूर्य मंदिर | ओडिशा | 1984 | सांस्कृतिक |
| 7 | काजीरंगा राष्ट्रीय उद्यान | असम | 1985 | प्राकृतिक |
| 8 | मानस वन्यजीव अभयारण्य | असम | 1985 | प्राकृतिक |
| 9 | केवलादेव राष्ट्रीय उद्यान | राजस्थान | 1985 | प्राकृतिक |
| 10 | गोवा के चर्च एवं कॉन्वेंट | गोवा | 1986 | सांस्कृतिक |
| 11 | खजुराहो के स्मारक समूह | मध्य प्रदेश | 1986 | सांस्कृतिक |
| 12 | हम्पी के स्मारक समूह | कर्नाटक | 1986 | सांस्कृतिक |
| 13 | फतेहपुर सीकरी | उत्तर प्रदेश | 1986 | सांस्कृतिक |
| 14 | एलिफेंटा की गुफाएँ | महाराष्ट्र | 1987 | सांस्कृतिक |
| 15 | पट्टदकल के स्मारक समूह | कर्नाटक | 1987 | सांस्कृतिक |
| 16 | सुंदरवन राष्ट्रीय उद्यान | पश्चिम बंगाल | 1987 | प्राकृतिक |
| 17 | महान जीवित चोल मंदिर | तमिलनाडु | 1987 (विस्तार 2004) | सांस्कृतिक |
| 18 | नंदा देवी एवं फूलों की घाटी राष्ट्रीय उद्यान | उत्तराखंड | 1988 (विस्तार 2005) | प्राकृतिक |
| 19 | सांची के बौद्ध स्मारक | मध्य प्रदेश | 1989 | सांस्कृतिक |
| 20 | हुमायूँ का मक़बरा | दिल्ली | 1993 | सांस्कृतिक |
| 21 | क़ुतुब मीनार एवं इसके स्मारक | दिल्ली | 1993 | सांस्कृतिक |
| 22 | भारत के पर्वतीय रेलवे (दार्जिलिंग, नीलगिरि, कालका-शिमला) | प. बंगाल, तमिलनाडु, हिमाचल प्रदेश | 1999, 2005, 2008 | सांस्कृतिक |
| 23 | महाबोधि मंदिर परिसर, बोधगया | बिहार | 2002 | सांस्कृतिक |
| 24 | भीमबेटका के शैलाश्रय | मध्य प्रदेश | 2003 | सांस्कृतिक |
| 25 | छत्रपति शिवाजी महाराज टर्मिनस (पूर्व विक्टोरिया टर्मिनस) | महाराष्ट्र | 2004 | सांस्कृतिक |
| 26 | चंपानेर-पावागढ़ पुरातत्व पार्क | गुजरात | 2004 | सांस्कृतिक |
| 27 | लाल किला परिसर | दिल्ली | 2007 | सांस्कृतिक |
| 28 | जंतर मंतर, जयपुर | राजस्थान | 2010 | सांस्कृतिक |
| 29 | पश्चिमी घाट (सह्याद्रि उप-क्लस्टर) | महाराष्ट्र, गोवा, कर्नाटक, तमिलनाडु, केरल, गुजरात | 2012 | प्राकृतिक |
| 30 | राजस्थान के पहाड़ी किले (6 किले: चित्तौड़गढ़, कुंभलगढ़, रणथंभौर, गागरोन, आमेर, जैसलमेर) | राजस्थान | 2013 | सांस्कृतिक |
| 31 | रानी की वाव (पाटन) | गुजरात | 2014 | सांस्कृतिक |
| 32 | ग्रेट हिमालयन नेशनल पार्क संरक्षण क्षेत्र | हिमाचल प्रदेश | 2014 | प्राकृतिक |
| 33 | नालंदा महाविहार का पुरातत्व स्थल | बिहार | 2016 | सांस्कृतिक |
| 34 | कंचनजंघा राष्ट्रीय उद्यान | सिक्किम | 2016 | मिश्रित |
| 35 | ली कोर्बुज़िए का वास्तुशिल्प कार्य (कैपिटल कॉम्प्लेक्स) | चंडीगढ़ | 2016 | सांस्कृतिक |
| 36 | अहमदाबाद का ऐतिहासिक शहर (प्रथम विरासत शहर) | गुजरात | 2017 | सांस्कृतिक |
| 37 | मुंबई के विक्टोरियन गोथिक एवं आर्ट डेको एन्सेम्बल | महाराष्ट्र | 2018 | सांस्कृतिक |
| 38 | जयपुर शहर (द्वितीय विरासत शहर) | राजस्थान | 2019 | सांस्कृतिक |
| 39 | काकतीय रुद्रेश्वर (रामप्पा) मंदिर | तेलंगाना | 2021 | सांस्कृतिक |
| 40 | धोलावीरा: एक हड़प्पाकालीन शहर | गुजरात | 2021 | सांस्कृतिक |
| 41 | शांतिनिकेतन | पश्चिम बंगाल | 2023 | सांस्कृतिक |
| 42 | होयसल के पवित्र मंदिर समूह (बेलूर, हलेबिड, सोमनाथपुरा) | कर्नाटक | 2023 | सांस्कृतिक |
| 43 | चराइदेव के मोइदाम (अहोम टीला-समाधि प्रणाली) | असम | 2024 | सांस्कृतिक |
| 44 | भारत का मराठा सैन्य परिदृश्य (12 किले) | महाराष्ट्र एवं तमिलनाडु | 2025 | सांस्कृतिक |
भारत के 7 प्राकृतिक स्थल और 1 मिश्रित स्थल: गहन विश्लेषण
सांस्कृतिक स्थलों की तुलना में प्राकृतिक और मिश्रित स्थलों की संख्या कम है, इसलिए आयोग यहाँ से सबसे तकनीकी सवाल पूछता है:
- काजीरंगा राष्ट्रीय उद्यान (1985): असम में ब्रह्मपुत्र नदी के बाढ़ के मैदानों में स्थित। विश्व के दो-तिहाई एक सींग वाले गैंडों (One-horned Rhinos) का प्राकृतिक आवास।
- मानस वन्यजीव अभयारण्य (1985): असम में भूटान सीमा से लगा हुआ। पिग्मी हॉग और गोल्डन लंगूर जैसी दुर्लभ प्रजातियों की शरणस्थली।
- केवलादेव राष्ट्रीय उद्यान (1985): राजस्थान के भरतपुर में स्थित मानव-निर्मित आर्द्रभूमि। प्रवासी पक्षियों (विशेषकर साइबेरियन क्रेन) का शीतकालीन पड़ाव।
- सुंदरवन राष्ट्रीय उद्यान (1987): गंगा-ब्रह्मपुत्र डेल्टा पर स्थित विश्व का सबसे बड़ा मैंग्रोव वन। रॉयल बंगाल टाइगर का प्रमुख प्राकृतिक आवास।
- नंदा देवी और फूलों की घाटी (1988/2005): उत्तराखंड के उच्च हिमालयी क्षेत्र में स्थित। हिम तेंदुआ और कस्तूरी मृग के लिए विख्यात।
- पश्चिमी घाट (2012): विश्व के आठ प्रमुख ‘जैव विविधता हॉटस्पॉट’ में से एक। 39 उप-स्थलों की शृंखला के रूप में नामित।
- ग्रेट हिमालयन नेशनल पार्क (2014): हिमाचल प्रदेश के कुल्लू क्षेत्र में स्थित। अल्पाइन चरागाहों और शीतोष्ण वनों की अनूठी जैव विविधता।
- कंचनजंघा राष्ट्रीय उद्यान (2016 - एकमात्र मिश्रित स्थल): सिक्किम में स्थित। इसमें विश्व की तीसरी सबसे ऊंची पर्वत चोटी कंचनजंघा शामिल है। लेप्चा संस्कृति में इसका अत्यंत पवित्र सांस्कृतिक एवं आध्यात्मिक महत्व है, साथ ही यह उच्च तुंगता जैव विविधता का केंद्र है।
याद रखने की स्मार्ट तकनीक (Memory Mnemonics)
1. प्रथम चार स्थल (1983) याद रखने की ट्रिक: ‘AA-ET’
Agra Fort, Ajanta Caves, Ellora Caves, Taj Mahal. ये चारों स्थल एक साथ 1983 में भारत के पहले यूनेस्को स्थल बने थे।
2. 1985 के तीन प्राकृतिक स्थल: ‘K-M-K’
Kaziranga, Manas, Keoladeo — तीनों एक ही वर्ष 1985 में प्राकृतिक धरोहर घोषित हुए।
3. राजस्थान के 6 पहाड़ी किले (Hill Forts): ‘चीकू गाजर आम’
- ची: चित्तौड़गढ़
- कू: कुंभलगढ़
- गा: गागरोन (झालावाड़ - जल दुर्ग)
- ज: जैसलमेर (सोनार किला)
- र: रणथंभौर (सवाई माधोपुर)
- आम: आमेर (जयपुर)
4. भारत के हेरिटेज शहर: केवल दो
क्रम याद रखें: पहला शहर अहमदाबाद (2017) और दूसरा शहर जयपुर (2019)। किसी अन्य भारतीय शहर को पूर्ण नगर के रूप में यह दर्जा नहीं मिला है।
परीक्षा में कैसे पूछा जाता है? (PYQ पैटर्न विश्लेषण)
विभिन्न आयोगों (UPSC, State PCS, SSC) के पिछले 10 वर्षों के प्रश्न-पत्रों का विश्लेषण करने पर निम्नलिखित 4 प्रमुख पैटर्न सामने आते हैं:
- सुमेलन (Match the Following): स्थल का नाम और संबंधित राजवंश/वास्तुकार। जैसे: रामप्पा मंदिर (काकतीय वंश), खजुराहो (चंदेल वंश), महाबलीपुरम (पल्लव वंश), चोल मंदिर (राजराज प्रथम व राजेंद्र प्रथम), कैपिटल कॉम्प्लेक्स (ली कोर्बुज़िए)।
- स्थापत्य सामग्री व तकनीक: जैसे धोलावीरा में जल प्रबंधन और पत्थरों का उपयोग; रामप्पा मंदिर की तैरने वाली ईंटें (Floating Bricks) और सैंडबॉक्स तकनीक; मोइदाम निर्माण में पारंपरिक गारे का प्रयोग।
- क्रम और संख्या आधारित प्रश्न: नवीनतम 41वां (शांतिनिकेतन), 42वां (होयसल मंदिर), 43वां (मोइदाम), 44वां (मराठा सैन्य परिदृश्य)। साथ ही, राज्यों में सर्वाधिक धरोहर स्थल वाला राज्य महाराष्ट्र (6 स्थल) है।
- अंतर-श्रेणी भेद: प्राकृतिक, सांस्कृतिक और मिश्रित के बीच भ्रमित करने वाले विकल्प देना (उदा. कंचनजंघा को केवल प्राकृतिक बताना जो कि गलत है, यह मिश्रित है)।
अस्थायी सूची (Tentative List) और आगामी संभावनाएं
यूनेस्को की प्रक्रिया के अनुसार, किसी भी स्थल को मुख्य विश्व धरोहर सूची में नामित किए जाने से कम से कम एक वर्ष पूर्व देश की ‘अस्थायी सूची’ (Tentative List) में होना अनिवार्य है। भारत की अस्थायी सूची में 50 से अधिक स्थल शामिल हैं, जिनमें सारनाथ का प्राचीन बौद्ध स्थल, मेघालय के जीवित जड़ पुल (Living Root Bridges - Jingkieng Jri), ओरछा का ऐतिहासिक परिसर, और वाराणसी के गंगा घाट प्रमुख हैं।
परीक्षा के लिए महत्वपूर्ण तथ्य
| कुल यूनेस्को धरोहर स्थल (भारत) | 44 (36 सांस्कृतिक, 7 प्राकृतिक, 1 मिश्रित) |
|---|---|
| वैश्विक स्थान | छठा स्थान (Italy, China, Germany, France, Spain के बाद) |
| भारत द्वारा कन्वेंशन की स्वीकृति | 14 नवंबर 1977 |
| प्रथम स्थल (1983) | अजंता, एलोरा, आगरा का किला, ताजमहल |
| 43वां स्थल (2024) | मोइदाम – अहोम राजवंश की टीला समाधि (असम) |
| 44वां स्थल (2025) | मराठा सैन्य परिदृश्य (महाराष्ट्र एवं तमिलनाडु के 12 किले) |
| सर्वाधिक स्थलों वाला राज्य | महाराष्ट्र (6 स्थल) |
| नोडल मंत्रालय एवं संरक्षण संस्था | संस्कृति मंत्रालय / भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (ASI) |
अभ्यास प्रश्न (MCQ)
👆 सही विकल्प पर क्लिक करें — तुरंत पता चलेगा सही है या गलत।
Q1 भारत का एकमात्र ‘मिश्रित श्रेणी’ (Mixed Heritage Site) का यूनेस्को विश्व धरोहर स्थल कौन सा है?
Q2 वर्ष 2024 में भारत के 43वें यूनेस्को विश्व धरोहर स्थल के रूप में शामिल ‘मोइदाम’ किस राजवंश से संबंधित हैं?
Q3 यूनेस्को विश्व धरोहर स्थल ‘राजस्थान के पहाड़ी किले’ (Hill Forts of Rajasthan) के अंतर्गत निम्नलिखित में से कौन सा किला शामिल नहीं है?
Q4 ‘भारत का मराठा सैन्य परिदृश्य’ (Maratha Military Landscapes) के अंतर्गत शामिल 12 किलों में से एकमात्र कौन सा किला महाराष्ट्र से बाहर स्थित है?
Q5 यूनेस्को की विश्व धरोहर सूची में शामिल होने वाला भारत का पहला शहर (Historic City) कौन सा था?







